Research Articles
संस्कृत से अरुचि क्यों
संस्कृत भाषा के वाङ्मय की विविधता और महत्ता के बावजूद समाज में उसके प्रति अरुचि उत्तरोत्तर बढ़ रही है। लेखक इसके अनेक कारणों का विश्लेषण कर इसे भारतीय संस्कृति के जीवन-मरण का प्रश्न बताते हैं।
गोपीलाल अमर
Author, Anekant
संस्कृत भाषा के वाङ्मय की विविधता और महत्ता के बावजूद समाज में उसके प्रति अरुचि उत्तरोत्तर बढ़ रही है। लेखक इसके अनेक कारणों का विश्लेषण कर इसे भारतीय संस्कृति के जीवन-मरण का प्रश्न बताते हैं।